Bihar Chunav Vote Vibe Survey Report. बिहार चुनाव 2025 को लेकर
वोट वाइव की ताजा सर्वे रिपोर्ट से महागठबंधन में उत्साह है. लेकिन पीएम मोदी और सीएम नीतीश की लोकप्रियता अगर मिला दें तो यह महागठबंधन के लिए खतरे की घंटी है. क्योंकि, यह सर्वे रिपोर्ट कांग्रेस नेता राहुल गांधी और आरजेडी के सीएम फेस तेजस्वी यादव की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के दौरान हुई है. ऐसे में महागठबंधन प्वाइंट फोर यानी 0.4 प्रतिशत से एनडीए से पीछे है. इस सर्वे रिपोर्ट में एनडीए को 36.2 प्रतिशत और महागठबंधन को 35.8 प्रतिशत वोट मिले हैं. हालांकि, इस सर्वे के आने के बाद एनडीए नेताओं में थोड़ी मायुसी जरूर है. लेकिन अगर पीएम मोदी और सीएम नीतीश कुमार कैंपेन शुरू करेंगे तो यह मार्जिन काफी बढ़ सकता है. ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि क्या राहुल गांधी औऱ तेजस्वी यादव दोनों मिलकर यह बाजी पलट सकते हैं इस सर्वे रिपोर्ट में प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी 8.7% वोट लेकर किंग मेकर की भूमिका में आ गई है.
दरअसल इस सर्वे में बिहार में एनडीए सरकार खासकर
नीतीश कुमार को लेकर जबरदस्त ‘सत्ता विरोधी लहर’ एंटी इनकंबेंसी नजर आ रही है. इस सर्वे में 52 प्रतिशत मेल और 48 प्रतिशत फीमेल सेंपल लिया गया है. खास बात यह है कि 70 प्रतिशत सेंपल गांव यानी रुरल और 30 प्रतिशत शहरी लोगों से बात की गई है. सर्वे एजेंसी ने लोगों से पूछा कि आप सीएम नीतीश कुमार और एनडीए सरकार के कामकाज से कितना खुश हैं? इस सवाल के जवाब में 48 प्रतिशत लोगों ने नीतीश सरकार के कामकाज से नाखुशी जाहिर की. 4 प्रतिशत लोगों ने पता नहीं या कह नहीं सकते जवाब दिया. 20 प्रतिशत लोगों ने न्यूट्रल थे और 27 प्रतिशत लोगों ने सीएम नीतीश का जमकर समर्थन किया.
कौन मारेगा बाजी बिहार में?
वहीं,
वोट वाइव की सर्वे रिपोर्ट में 70 प्रतिशत मुस्लिमों ने महागठबंधन को पसंद किया है. सिर्फ 5 प्रतिशत मुस्लिम वोटरों ने एनडीए के पक्ष में वोट देने की बात की है. इस रिपोर्ट में 55 प्रतिशत अपर कास्ट यानी उच्च वर्ग के लोग ब्राह्मण, भूमिहार, क्षत्रिय, कायस्थ जैसे जातियों के वोटरों ने देने की बात की है. इन जातियों का 16 प्रतिशत वोट महागठबंधन को जाते दिख रहा है. इसी तरह ओबीसी जाति के 43 प्रतिशत वोटर एनडीए को वोट देने की बात की है. वहीं 36 प्रतिशत मतदाताओं ने महागठबंधन को वोट देने की बात की है. 43.3 प्रतिशत एससी वोटरों ने एनडीए को और 25 प्रतिशत वोटर्स का झुकाव महागठबंधन के प्रति है.
सर्वे रिपोर्ट से किस खेमे में बेचैनी?
वोट वाइव सर्वे रिपोर्ट की आंकड़ों में और गहराई से जाएं तो आपको पता चलेगा कि पुरुषों और महिलाओं में 48-48 प्रतिशत की मजबूत एंटी इंकंबेंसी है, जबकि न्यूट्रल रहने वालों में 20% पुरुष हैं और 22% महिलाएं स्ट्रांग प्रो इनकंबेंसी वालों में 29% पुरुष हैं, जबकि 25% महिलाएं इसमें शामिल हैं. वहीं डोंट नो कहने वालों में 4% पुरुष है और 5% महिलाएं शामिल हैं.
पीएम मोदी और नीतीश की लोकप्रियता किस पर भारी?
अगर सीएम नीतीश की लोकप्रियता की बात करें तो शहरी क्षेत्र में नीतीश कुमार की लोकप्रियता 26 प्रतिशत है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में 22%. वहीं, शहरी क्षेत्र में तेजस्वी यादव 32% और ग्रामीण क्षेत्रों में 35% लोकप्रिय हैं. वहीं वोट वाइव ने पूछा कि आपके वोट डालने का मुख्य आधार क्या होगा? इस सवाल के जवाब में 24 प्रतिशत लोगों ने कहा सीएम नीतीश और एनडीए सरकार का काम. 14 से 15 प्रतिशत शहरी और ग्रामीण वोटरों ने कहा सीएम नीतीश का चेहरा. 25 प्रतिशत लोगों ने कहा विकास के नाम पर वोट देंगे. वहीं 17 प्रतिशत लोगों ने कहा पीएम मोदी का चेहरा देखकर वोट देंगे.
कुलमिलाकर
वोट वाइव का यह सर्वे 3 सितंबर से लेकर 10 सितंबर के बीच किया गया है और कुल 5635 सैंपल कलेक्ट किए गए हैं. बता दें कि यह सर्वे और इसके आंकड़े इसलिए महत्वपूर्ण हो जाते हैं कि इससे पहले बीते 17 अगस्त से लेकर 1 सितंबर तक राहुल गांधी की वोटर अधिकार यात्रा बिहार में चली थी. तेजस्वी यादव और राहुल गांधी ने बिहार के 22 से अधिक जिलों का दौरा किया और वहां यात्रा निकाली. शायद इस वजह से इस सर्वे में सत्ता विरोधी लहर नजर आ रही है.