एक वकील, राजनयिक और कट्टर वामपंथी नेता के रूप में जानी जाने वाली डेल्सी एलोइना रोड्रीगेज़ गोमेज़ निकोसल मादुरो सरकार की प्रमुख हस्ती रही हैं. वह 2018 से वेनेजुएला की उपराष्ट्रपति के रूप में सेवा कर रही हैं अब देश की कमान संभाल रही हैं. चलिये जानते हैं कि आखिर कौन हैं डेल्सी रोड्रीगेज़, जिन पर इस संकट के दौर में वेनेजुएला की जिम्मेदारी सौंपी गई है…
कट्टर वामपंथी हैं रोड्रीगेज़
डेल्सी एलोइना रोड्रीगेज़ गोमेज़ का जन्म 18 मई 1969 को वेनेजुएला की राजधानी कराकास में हुआ. 56 वर्षीय गोमेज पेशे से वकील हैं और वेनेजुएला की सेंट्रल यूनिवर्सिटी से कानून की पढ़ाई की है. छात्र जीवन से ही वह वामपंथी राजनीति और सामाजिक आंदोलनों से जुड़ी रहीं. उनके राजनीतिक विचार दिवंगत राष्ट्रपति ह्यूगो शावेज़ की ‘बोलिवेरियन क्रांति’ से गहराई से प्रभावित रहे हैं.
पिछले दो दशकों से वह चाविस्मो आंदोलन की प्रमुख चेहरा रही हैं. यह वही राजनीतिक विचारधारा है, जिसकी नींव पूर्व राष्ट्रपति ह्यूगो शावेज़ ने रखी थी और जिसे उनके निधन के बाद निकोलस मादुरो ने आगे बढ़ाया.
मादुरो की सबसे भरोसेमंद

डेल्सी रोड्रीगेज़ ने 2013 से 2014 तक वेनेजुएला की सूचना और संचार मंत्री के रूप में काम किया. इसके बाद 2014 से 2017 के बीच वह देश की विदेश मंत्री रहीं. इस दौरान उन्होंने संयुक्त राष्ट्र समेत कई अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मादुरो सरकार का खुलकर बचाव किया. पश्चिमी देशों की तरफ से लगाए गए मानवाधिकार उल्लंघन और लोकतंत्र कमजोर करने के आरोपों को उन्होंने सिरे से खारिज किया और कई बार अन्य सरकारों पर वेनेजुएला को अस्थिर करने की साजिश का आरोप लगाया.
2017 में विपक्ष के संसद चुनाव जीतने के बाद सरकार की ताकत बढ़ाने के लिए गठित संविधान सभा की अध्यक्ष भी डेल्सी रोड्रीगेज़ रहीं. इस संस्था के जरिये सरकार ने विपक्ष के प्रभाव को सीमित किया, जिसके चलते उन्हें अंतरराष्ट्रीय आलोचना का भी सामना करना पड़ा.
वेनेजुएला की दूसरी सबसे ताकतवर नेता
2018 में निकोलस मादुरो ने उन्हें उपराष्ट्रपति नियुक्त किया. इसके बाद वह लगातार मादुरो सरकार की दूसरी सबसे ताकतवर नेता बनी रहीं. जनवरी 2025 से शुरू अपने तीसरे कार्यकाल तक मादुरो ने उन पर पूरा भरोसा बनाए रखा. मादुरो की गिरफ्तारी से पहले तक डेल्सी रोड्रीगेज़ वेनेजुएला की मुख्य आर्थिक अधिकारी, वित्त मंत्री और पेट्रोलियम मंत्री की जिम्मेदारी भी संभाल रही थीं.
अमेरिकी हमले पर क्या बोलीं रोड्रीगेज़?
मादुरो की गिरफ्तारी के कुछ ही घंटों बाद डेल्सी रोड्रीगेज़ ने राष्ट्रीय रक्षा परिषद की बैठक की अध्यक्षता की और अमेरिकी कार्रवाई को वेनेजुएला की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय कानून का खुला उल्लंघन बताया. उन्होंने मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की तत्काल रिहाई की मांग की और पूरे लैटिन अमेरिका से इस कार्रवाई की निंदा करने की अपील की. सरकारी टीवी चैनल पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि ‘जो आज वेनेजुएला के साथ किया गया, वह किसी भी देश के साथ किया जा सकता है.’
संविधान के अनुच्छेद 233 और 234 के तहत, राष्ट्रपति की अनुपस्थिति चाहे अस्थायी हो या पूर्ण, उपराष्ट्रपति को ही सत्ता संभालनी होती है. इसी प्रावधान के तहत डेल्सी रोड्रीगेज़ ने शनिवार दोपहर कार्यवाहक राष्ट्रपति का पद संभाला.
हालांकि वेनेजुएला का विपक्ष 2024 के राष्ट्रपति चुनावों को फर्जी बताते हुए मादुरो की वैधता को चुनौती देता रहा है. विपक्ष का दावा है कि असली विजेता पूर्व राजदूत एडमुण्डो गोंजालेज़ उरुतिया थे, जिसे कुछ क्षेत्रीय सरकारों का समर्थन भी मिला. ऐसे में डेल्सी रोड्रीगेज़ की कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में नियुक्ति से सवाल उठ रहा है कि वेनेजुएला में अपनी सरकार चलाने का दावा करने डोनाल्ड ट्रंप क्या रोड्रीगेज़ को बर्दाश्त कर पाएंगे. इस सवाल का जवाब जल्द ही साफ हो सकता है.





